CRS NEWS रायबरेली :अयोध्या, 10 नवम्बर: आगामी 18 नवम्बर को अयोध्या में रामलला के तिलक चढ़ाने के ऐतिहासिक और भव्य समारोह के लिए जनकपुर से एक भव्य तिलक यात्रा निकलेगी। इस समारोह में शामिल होने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी निमंत्रण भेजा गया है। इस अवसर पर जनकपुर से लगभग 251 तिलकहरू (तिलक लगाने वाले लोग) 100 चार पहिया वाहनों और तीन बसों से 16 नवम्बर को यात्रा शुरू करेंगे। इस भव्य यात्रा के साथ रामलला के लिए नेग (उपहार) भी भेजा जाएगा।
तिलक यात्रा 16 नवम्बर को नेपाल से प्रारंभ होगी और रात्रि विश्राम के लिए गढ़ी माई में रुकेगी। अगले दिन यह यात्रा अयोध्या पहुंचेगी और 18 नवम्बर को रामलला के तिलकोत्सव में सम्मिलित होगी। इस ऐतिहासिक आयोजन का उद्देश्य अयोध्या और जनकपुर के सांस्कृतिक संबंधों को और मजबूत करना है।
जनकपुर से आने वाले इस तिलक समारोह में रामलला के लिए विशेष नेग भेजा जाएगा, जिसमें लकड़ी के 501 बॉक्सों में परिधान, आभूषण, मिष्ठान, मेवा और फल शामिल होंगे। जानकी मन्दिर के उत्तराधिकारी महंत राम रोशन दास वैष्णव ने कहा कि यह आयोजन पहली बार हो रहा है और इससे जनकपुर और अयोध्या का संबंध अधिक गहरा होगा।
नेग में चांदी का धनुष-बाण, सोने की चेन और आभूषण शामिल
प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस नेग में रामलला के लिए चांदी का धनुष-बाण, सोने की चेन, अंगूठी, प्रसिद्ध रसभरी, मोती चूर का लड्डू, खाजा, और कई प्रकार के फल एवं मिष्ठान भी होंगे। यह समारोह रामलला के विवाहोत्सव का हिस्सा होगा, जिसके माध्यम से जनकपुर और अयोध्या की संस्कृति का जीवंत प्रदर्शन होगा।
समीक्षा बैठक में हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय
इस आयोजन के सिलसिले में जनकपुर में संतोष साह की अध्यक्षता में बैठक हुई, जिसमें जानकी मंदिर के महंत राम तपेश्वर दास वैष्णव, विहिप नेपाल के उपाध्यक्ष रघुनाथ साह, जनकपुर के मेयर मनोज साह सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। बैठक में निर्णय लिया गया कि इस अवसर पर माता सीता के राजमहल से तिलक सामग्री भेजी जाएगी।
इस आयोजन में शामिल होकर श्रद्धालु जनकपुर और अयोध्या के बीच के सांस्कृतिक संबंधों को और प्रगाढ़ करेंगे।
